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: भाजपा आलाकमान ने फिर चौंकाया,उज्जैन दक्षिण के विधायक डॉ. मोहन यादव होगे एमपी के नये सीएम, लाडली बहना पर भारी पडी मोदी की ग्यारंटी,निर्णय ने बता दिया मोदी व शाह के मन मे क्या चल रहा किसी को नहीं होता पता

सरदारपुर। रविवार को छत्तीसगढ़ मे मुख्यमंत्री के लिये विष्णुदेव साय के चौकाने वाले नाम के साथ यह तय हो गया था की मप्र मे भी मुख्यमंत्री का नाम चौंकाने वाला होगा। दोनों प्रदेशों मे रायशुमारी के लिये विधायकों की बैठक तो हुई लेकिन नाम आलाकमान ने पहले से ही तय कर रखे थे। पिछले वर्ष जब मप्र मे मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को हटाने की अटकलें लगाई जा रही थी तभी एक वरिष्ठ पत्रकार ने चर्चा के दौरान बताया था की शिवराज सिंह चौहान 99  प्रतिशत तो नहीं हटाया जाएगा लेकिन 1 प्रतिशत यह भी है की मोदी व शाह के मन मे किया है इसे कोई नही जानता। यह बात आज उज्जैन दक्षिण से विधायक बने डॉ मोहन यादव के मुख्यमंत्री के नाम के तौर पर उद्घोषणा के साथ सत्य हो गई।

एक सप्ताह पूर्व जब बंपर जीत के साथ प्रदेश मे भाजपा ने अपनी सत्ता बरकरार रखी थी तभी कयास लगाये जा रहे थे की मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ही होगे क्योंकि प्रदेश मे लाडली लक्ष्मी बहना योजना के कारण ही भाजपा ने शानदार जीत दर्ज की है। लेकिन कुछ छत्रप यह भी कह रहे थे की मोदी की ग्यारंटी के साथ ही प्रदेश मे भाजपा ने शानदार जीत दर्ज की है।


इसके बाद मुख्यमंत्री का नाम आलाकमान द्वारा तय करने की बात सामने आई। एक सप्ताह से शिवराज सिंह चौहान,नरेंद्र सिंह तोमर,प्रहलाद पटेल,कैलाश विजयवर्गीय जैसे नाम मुख्यमंत्री पद की दौड़ मे थे। अधिकांश विधायकों को यह पता था की इन चारो मे से ही कोई सीएम बनेगा। लेकिन मोदी व शाह की जोडी पहले ही चौकाने वाला फैसला कर चुकी थी। और आखिर कर हुआ ही वही।

भाजपा आलाकमान ने बता दिया कि भाजपा मे अंतिम पंक्ति का व्यक्ति भी उच्च पद पर पहुंच सकता है।
वैसे मंत्रिमंडल के गठन मे भी कई चौकाने वाले नाम हो सकते है। पिछले मंत्रिमंडल मे जो मंत्री थे उनके स्थान पर शायद नये चेहरो को मौका मिलने के संकेत राजनीतिक सूत्र बता रहे है।
वैसे मोहन यादव के मुख्यमंत्री बनने के बाद यह स्पष्ट हो गया की मामा की लाडली बहना योजना पर मोदी की गारंटी भारी पडी। 

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